देहरादून Uttarakhand Parivahan Nigam (RTO) के पास बनी यह ‘मौत की सड़क’ अब स्थानीय लोगों के लिए रोज़ाना मौत को दावत देने वाला खुला खतरा बन चुकी है।
यहां पुस्ता टूट चुका है, सड़क धंस गई है और पास में बहता नाला स्थिति को और खतरनाक बना रहा है।
कोई भी बड़ा हादसा कभी भी हो सकता है।
आसपास के लोगों का कहना है कि इस समस्या को हुए काफी समय हो चुका है, कई बार शिकायतें भी की गईं, लेकिन प्रशासन अब तक कोई कार्रवाई नहीं कर रहा।
लोग हर दिन अपनी जान जोखिम में डालकर इस रास्ते से गुजरने को मजबूर हैं।
स्थानीय निवासियों का कड़ा सवाल—
“क्या प्रशासन तब जागेगा जब यहां कोई बड़ी दुर्घटना हो जाएगी?”


पुस्ता टूटने और सड़क के लगातार धंसने से खतरा तेजी से बढ़ रहा है। रात के समय यह ‘मौत की सड़क’ और भी जानलेवा बन जाती है क्योंकि न तो चेतावनी बोर्ड हैं और न ही कोई सुरक्षा इंतज़ाम।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से तुरंत सड़क की मरम्मत और पुस्ते का पुनर्निर्माण करने की मांग की है, ताकि किसी भी संभावित त्रासदी को टाला जा सके।
